रायपुर/ छत्तीसगढ़ में बढ़ते अपराध और बिगड़ती कानून व्यवस्था को लेकर सवाल उठाते हुए प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा है कि भाजपा की सरकार में न आम आदमी सुरक्षित है, ना व्यापारी सुरक्षित है और न ही महिलाएं और छात्राएं सुरक्षित है। अब तो पुलिस अधिकारियों के परिजन भी सोशल मीडिया में न्याय की गुहार लगा रहे हैं। विगत 24 घंटे के भीतर राजधानी रायपुर में चाकूबाजी की दो-दो घटनाएं हुई, तेलीबांधा में एक व्यापारी को सरेआम चाकू मार दिया गया, राजधानी के ही सेजबहार में एक परिवार रात में कहीं से वापस आ रहा था, रास्ते में पेट्रोल खत्म हो गया, किसी परिचित से उन्होंने पेट्रोल लाने कहा वे लोग इंतजार कर ही रहे थे, उसी समय चार-पांच गुंडे वहां आ गए उन्होंने परिवार की महिलाओं से छेड़खानी शुरू कर दी, उनके कपड़े फाड़े गये जब परिवार के मुखिया ने विरोध किया तो उसके ऊपर डंडे और चाकू से प्रहार किया गया, परिवार भाग कर झाड़ी में छुप गए और रात भर वही छुपे रहने मजबूर रहे। गुंडे बदमाशों में कानून और प्रशासन का डर खत्म हो चुका है, भयमुक्त वातावरण देने में भाजपा की सरकार पूरी तरह नाकाम हो चुकी है।
भाजपा सरकार में आम व्यक्ति तो दूर पुलिस अधिकारियों के परिजन भी सुरक्षित नहीं है। डीएसपी की बेटी, आदिवासी संस्कृति पर कंटेंट बनाने वाली, एक आदिवासी छात्रा निवेदिता मांडवी को सोशल मीडिया पर गैंगरेप की धमकी मिल रही हैं। आदिवासी मुख्यमंत्री के राज में गुंडे, मवालियों के हौसले इतने बुलंद हैं कि आदिवासी बेटियां सुरक्षित नहीं हैं। पुलिस में शिकायत के बावजूद, पुलिस अधिकारी की बेटी के रिपोर्ट पर ही कार्यवाही में देरी हो रही है, क्या यही कानून का राज है।
भारतीय जनता पार्टी की सरकार के संरक्षण में ही अपराधी फल फूल रहे हैं और इसी कारण से अपराध बढ़ गया है।




